
पल्सर खगोलविदों की सोच से कहीं दूर से प्रसारित हो सकते हैं
लगभग 200 मिलीसेकंड पल्सरों के एक अध्ययन से संकेत मिलता है कि कुछ रेडियो संकेत केवल तारकीय सतह के पास ही नहीं, बल्कि उससे काफी दूर उन क्षेत्रों से भी उत्पन्न होते हैं जो गामा-रे उत्सर्जन से जुड़े हैं।
- शोधकर्ताओं ने लगभग 200 मिलीसेकंड पल्सरों का विश्लेषण किया और रेडियो की तुलना गामा-रे डेटा से की।
- लगभग एक-तिहाई में दो अलग-अलग क्षेत्रों से रेडियो संकेत मिले।



