नाइजीरिया ने अबुजा में इबोला मामले की पुष्टि की
नाइजीरिया उस इबोला प्रकोप से प्रभावित होने वाला नवीनतम देश बन गया है, जिसकी घोषणा मई के मध्य में पूर्वी कांगो में हुई थी। स्वास्थ्य अधिकारियों ने अबुजा में एक महिला के संक्रमित होने की पुष्टि की है, जो युगांडा से लौटी थी। Medical Xpress में प्रकाशित और Associated Press को श्रेय दी गई रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई।
महिला में 7 अक्टूबर को लक्षण दिखे और 11 अक्टूबर को उसे अबुजा के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां बाद में संक्रमण का पता चला। वह नाइजीरिया कब पहुंची, यह अभी स्पष्ट नहीं है।
स्वास्थ्य मंत्री मुहम्मद पाटे ने कहा कि अधिकारियों ने मरीज के 44 संपर्कों की पहचान कर उनका पता लगाना शुरू कर दिया है। इस मामले के बाद नाइजीरिया उन चार अन्य देशों में शामिल हो गया है जहां प्रकोप पहुंच चुका है।
इतिहास में तेजी से फैलता प्रकोप
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने इसे इतिहास का सबसे तेजी से बढ़ता इबोला प्रकोप बताया है। रिपोर्ट के अनुसार अकेले कांगो में कम से कम 9,500 लोग संक्रमित और कम से कम 4,600 लोगों की मृत्यु हो चुकी है।

यह प्रकोप Bundibugyo virus के कारण है। रिपोर्ट के अनुसार इस वायरस के लिए कोई स्वीकृत टीका या दवा नहीं है, इसलिए निगरानी, निदान, संपर्कों का पता लगाना और संक्रमण रोकने वाले उपाय महत्वपूर्ण हैं।
लेख में व्यापक प्रसार के एक कारण के रूप में देर से निगरानी की पहचान की गई है। कई शुरुआती संक्रमण लोगों में लक्षण आने या उनके यात्रा कर लेने के बाद पुष्ट हुए, जिससे सीमाओं के पार फैलने से पहले मामलों को अलग करना कठिन हो गया।
युगांडा का प्रकोप समाप्त घोषित
पड़ोसी कांगो के साथ ही युगांडा ने भी उस दिन प्रकोप की पुष्टि की, जब कांगो से यात्रा कर रहे एक व्यक्ति में संक्रमण मिला। युगांडा में शुरुआती मामले उन कांगोली मरीजों के थे जो बीमारी की पहचान इबोला के रूप में होने से पहले इलाज के लिए सीमा पार कर गए थे।
WHO ने 20 पुष्ट मामलों के बाद 27 अगस्त को युगांडा का प्रकोप समाप्त घोषित किया। रिपोर्ट के अनुसार 18 मरीज ठीक हुए और दो की मृत्यु हुई। हालांकि कांगो में प्रकोप जारी रहने के कारण नाइजीरिया का मामला क्षेत्रीय जोखिम को रेखांकित करता है।

स्वास्थ्य अधिकारी अभी क्या कर रहे हैं
नाइजीरिया में तत्काल प्रतिक्रिया मरीज के संपर्क में आए लोगों का पता लगाने पर केंद्रित है। संपर्कों की निगरानी से संभावित संक्रमण जल्दी पहचानने, लक्षणों पर नजर रखने और आगे संक्रमण के अवसर घटाने में मदद मिलती है।
यह स्थिति कई क्षेत्रों में फैल चुके प्रकोप से निपटने की चुनौती भी दिखाती है। संक्रमण की पहचान से पहले सीमा पार यात्रा या इलाज के लिए आवाजाही हो सकती है, खासकर जब शुरुआती लक्षणों को किसी ज्ञात प्रकोप से नहीं जोड़ा गया हो।
- नाइजीरिया ने अबुजा में इबोला संक्रमण की पुष्टि की है।
- अधिकारियों ने 44 संपर्कों की पहचान की है।
- प्रकोप की पहली घोषणा मई के मध्य में पूर्वी कांगो में हुई थी।
- युगांडा का अलग समूह 20 पुष्ट मामलों के बाद अगस्त में समाप्त घोषित किया गया।
क्षेत्रीय तस्वीर क्यों महत्वपूर्ण है
कांगो में प्रकोप का आकार और सीमाओं के बाहर मामलों का सामने आना तेज पहचान को विशेष रूप से महत्वपूर्ण बनाता है। रिपोर्ट के अनुसार यह प्रकोप अफ्रीका के तीन क्षेत्रों तक पहुंच चुका है, जो किसी भी पिछले इबोला प्रकोप से अधिक है।
अगला चरण इस बात पर निर्भर करेगा कि संपर्कों की निगरानी हो पाती है या नहीं और यात्रा से जुड़े अतिरिक्त मामलों का तुरंत पता चलता है या नहीं। अबुजा का पुष्ट मामला अपने आप नाइजीरिया में व्यापक प्रसार साबित नहीं करता, लेकिन उसने उसे रोकने का प्रयास शुरू कर दिया है।
यह लेख Medical Xpress की रिपोर्टिंग पर आधारित है। मूल लेख पढ़ें।
Originally published on medicalxpress.com







