एक प्रमुख विज्ञान एजेंसी अपनी निगरानी बोर्ड खो बैठी
MIT Technology Review के अनुसार, Trump प्रशासन ने National Science Board के सभी 22 सदस्यों को बर्खास्त कर दिया है, जिससे National Science Foundation को एक और झटका लगा है, जबकि एजेंसी पहले से ही नेतृत्व और वित्तपोषण की अस्थिरता से जूझ रही है। यह कदम केवल अपने पैमाने के कारण ही महत्वपूर्ण नहीं है, बल्कि इसलिए भी कि यह बोर्ड NSF नीति तय करने, बड़े खर्चों को मंजूरी देने और संघीय सरकार के सबसे महत्वपूर्ण शोध-वित्तपोषकों में से एक की निगरानी में केंद्रीय भूमिका निभाता है।
candidate materials के अनुसार NSF ने 2024 में 9.39 अरब डॉलर वितरित किए। यह धन संयुक्त राज्य भर में बड़े शोध और शिक्षा प्रयासों का समर्थन करता है। यद्यपि यह एजेंसी कुल संघीय खर्च का केवल एक छोटा हिस्सा संभालती है, लेकिन इसका प्रभाव बहुत बड़ा है क्योंकि यह उस आधारभूत कार्य का समर्थन करती है जिस पर अन्य संस्थान और उद्योग अक्सर आगे काम करते हैं।
बोर्ड क्यों महत्वपूर्ण है
National Science Board केवल औपचारिक नहीं है। इसके सदस्य अमेरिकी राष्ट्रपतियों द्वारा नियुक्त वैज्ञानिक होते हैं, शुरुआत में छह-वर्षीय कार्यकाल के लिए, और वे अमेरिकी शोध की दीर्घकालिक प्राथमिकताओं को आकार देने में मदद करते हैं। लेख इस अधिकार के हालिया उदाहरणों का उल्लेख करता है, जिसमें प्रौद्योगिकी, नवाचार और साझेदारियों पर केंद्रित एक नया NSF directorate स्थापित करना और US Extremely Large Telescope Program के लिए धन की मंजूरी शामिल है।
यह संदर्भ बर्खास्तगी को केवल स्टाफिंग बदलाव से कहीं अधिक बनाता है। पूरे बोर्ड को एक साथ हटाना ऐसी एजेंसी के शासन में निरंतरता को बाधित करता है जिसका उद्देश्य “science के progress को बढ़ावा देना” है। यह भी सवाल उठाता है कि निकट भविष्य में वित्तपोषण प्राथमिकताओं, निगरानी प्रथाओं और बड़े पैमाने की शोध प्रतिबद्धताओं को कैसे संभाला जाएगा।
पहले से ही दबाव में एक एजेंसी
बोर्ड का यह शुद्धिकरण foundation के लिए कठिन दौर के बाद आया है। उम्मीदवार सामग्री कहती है कि NSF के पास अप्रैल 2025 से कोई director नहीं है, जब पूर्व director Sethuraman Panchanathan ने DOGE-led funding cuts और mass firings के बाद इस्तीफा दे दिया था। शीर्ष पद के लिए Trump के nominee Jim O'Neill हैं, जिन्हें स्रोत पाठ में एक investor और longevity enthusiast बताया गया है, जिनका विज्ञान में कोई background नहीं है।
यह नेतृत्व शून्य महत्वपूर्ण है, क्योंकि science funding agencies credibility, process और predictable decision-making पर निर्भर करती हैं। जब ये स्थितियाँ कमजोर होती हैं, तो शोधकर्ता केवल प्रशासनिक भ्रम का सामना नहीं करते। वे वास्तविक देरी, रद्द हुए काम और ऐसे वातावरण का सामना करते हैं जिसमें महत्वाकांक्षी परियोजनाएँ शुरू या बनाए रखना कठिन हो जाता है।
शोध समुदाय को संदेश
लेख की सबसे स्पष्ट थीमों में से एक यह है कि यह बर्खास्तगी उन लोगों के लिए निराशाजनक लेकिन अप्रत्याशित नहीं थी, जिन्होंने विज्ञान एजेंसियों में प्रशासन की कार्रवाइयों को देखा है। 2025 की शुरुआत से NSF ने कथित तौर पर grants को रोकने, फिर शुरू करने और समाप्त करने की प्रक्रिया अपनाई है। ऐसे माहौल में, बोर्ड को हटाना एक अलग निर्णय से कम और व्यापक व्यवधान के पैटर्न का हिस्सा अधिक दिखता है।
यह विशेष रूप से शुरुआती और दीर्घकालिक शोध के लिए मायने रखता है। खगोल विज्ञान, भौतिकी, इंजीनियरिंग, जीवविज्ञान और computing में परियोजनाएँ अक्सर कई वर्षों तक स्थिर संघीय समर्थन पर निर्भर करती हैं। जब निगरानी संरचनाएँ अचानक तोड़ दी जाती हैं, तो शोधकर्ताओं के लिए संकेत केवल यह नहीं होता कि नेतृत्व बदल रहा है। संकेत यह होता है कि प्रणाली के नियम भी बदल सकते हैं।
यह क्यों स्थायी प्रभाव डाल सकता है
US science में NSF की भूमिका व्यक्तिगत grants से आगे जाती है। यह राष्ट्रीय प्राथमिकताओं को परिभाषित करने, शोध workforce को समर्थन देने और उन परिस्थितियों को बनाने में मदद करता है जिनके तहत भविष्य के उद्योग उभरते हैं। इसलिए foundation में उथल-पुथल केवल academia को प्रभावित नहीं करती। यह innovation pipelines, regional research ecosystems और technology competitiveness में भी लहरें पैदा कर सकती है।
अभी भी यह स्पष्ट नहीं है कि आगे क्या होगा। candidate materials साफ तौर पर कहते हैं कि स्थिति किस ओर जाएगी, यह बताना कठिन है। लेकिन तात्कालिक तस्वीर पहले से ही पर्याप्त स्पष्ट है। एक बहु-अरब-डॉलर बजट वाली विज्ञान एजेंसी ने अपना पूरा oversight board खो दिया है, उसके पास अभी भी permanent director नहीं है, और वह निरंतर राजनीतिक दबाव के बीच काम कर रही है।
अमेरिकी विज्ञान के लिए यह कोई सामान्य परिवर्तन नहीं है। यह एक governance shock है। और नुकसान केवल इस साल की सुर्खियों में नहीं, बल्कि उन शोध प्रस्तावों में मापा जा सकता है जो कभी लिखे ही नहीं जाएंगे, उन सुविधाओं में जो ठप हो जाएंगी, और उस वैज्ञानिक प्रतिभा में जो तय करेगी कि संघीय प्रणाली अब भरोसेमंद नहीं रही कि उस पर निर्माण किया जाए।
यह लेख MIT Technology Review की रिपोर्टिंग पर आधारित है। मूल लेख पढ़ें.
Originally published on technologyreview.com


