Justice Department ने AI copyright की एक निर्णायक लड़ाई में स्पष्ट पक्ष लिया
U.S. Department of Justice artificial intelligence की सबसे महत्वपूर्ण कानूनी लड़ाइयों में से एक में ऐसे रुख के साथ शामिल हुआ है, जो आने वाले वर्षों तक courts के model training को देखने के तरीके को प्रभावित कर सकता है। The New York Times और अन्य rights holders से जुड़े consolidated lawsuit में दायर filing में department ने तर्क दिया कि copyrighted text पर large language models को train करना fair use के अंतर्गत आ सकता है।
यह हस्तक्षेप महत्वपूर्ण है क्योंकि यह मामला publishers और AI companies के बीच व्यापक संघर्ष का bellwether बन गया है। Times ने late 2023 में Manhattan federal court में OpenAI और Microsoft पर मुकदमा दायर किया था, यह आरोप लगाते हुए कि उसकी लाखों articles बिना अनुमति के GPT-4 सहित systems को train करने और ऐसे products बनाने में उपयोग की गईं जो सूचना स्रोत के रूप में अखबार से प्रतिस्पर्धा करते हैं। दिए गए source text के अनुसार, newspaper ने अरबों डॉलर के damages की मांग की है और अपने काम पर प्रशिक्षित models को नष्ट करने की मांग की है।
Justice Department का तर्क यह नहीं कहता कि copyright law AI के लिए अप्रासंगिक है। इसके बजाय, यह एक संकीर्ण लेकिन अत्यंत महत्वपूर्ण अंतर स्थापित करता है: training के दौरान होने वाली copying, अंततः model users को जो output देता है, उसके बराबर नहीं है। Department के दृष्टिकोण में, यह separation fair use analysis का केंद्रीय हिस्सा है।
training-versus-output अंतर इतना महत्वपूर्ण क्यों है
दिए गए source text में कहा गया है कि department ने तर्क दिया कि training के दौरान पूरे works copy किए जा सकते हैं, लेकिन वे works प्रक्रिया के दौरान सार्वजनिक रूप से उपलब्ध नहीं कराए जाते। उसने यह भी तर्क दिया कि model outputs “often if not always” मूल materials से substantial similarity नहीं रखते। यह AI copyright debate के सबसे विवादित प्रश्नों में से एक से जुड़ा है: source material का training में उपयोग एक internal analytical process माना जाए, या एक ऐसा commercial act जो मूल works को सीधे प्रतिस्थापित करता है।
Justice Department का दृष्टिकोण पहले वाले framing का समर्थन करता है। यदि court इस logic को स्वीकार करता है, तो AI developers को यह तर्क देने के लिए मजबूत कानूनी आधार मिल सकता है कि copyrighted corpora पर training transformative है, खासकर जब resulting systems protected expression को substantial similarity के साथ reproduce नहीं करते। यदि court इसे खारिज करता है, तो developers को बहुत कठिन licensing obligations और संभावित रूप से बड़े operational constraints का सामना करना पड़ सकता है।
Department ने उस market harm theory का भी विरोध किया जिसे उसने अत्यधिक व्यापक बताया। source text के अनुसार, उसने तर्क दिया कि claims को training और output को केवल एक ही use में नहीं मिला देना चाहिए। यह महत्वपूर्ण है क्योंकि copyright disputes अक्सर इस बात पर निर्भर करते हैं कि challenged activity केवल किसी work से सीख रही है या उस work के market को छीन रही है। DOJ का रुख सुझाता है कि plaintiffs केवल इस आधार पर injury स्वचालित रूप से साबित नहीं कर सकते कि उनका content training data में शामिल था।
मानव रचनात्मकता के लिए एक कानूनी analogy
जैसा कि source text में summarized है, filing की एक उल्लेखनीय बात लेखक Joan Didion से की गई analogy है। Department ने writers द्वारा प्रशंसित prose को craft सीखने के लिए copy करने की familiar practice का उल्लेख किया और तर्क दिया कि law को existing works का अध्ययन करने और उन्हें unlawfully republish करने के बीच अंतर पहचानना चाहिए। Report के अनुसार filing ने सुझाव दिया कि अधिक व्यापक anti-training theory के तहत, ऐसा मानवीय learning process भी infringing माना जा सकता है, जब learner बाद में कुछ नया बनाता है।
यह analogy व्यापक policy point बनाने के लिए है। Copyright law original expression की रक्षा के लिए है, लेकिन यह एक ऐसे system में भी काम करती है जो learning, reference, और influence पर निर्भर है। Justice Department का तर्क प्रतीत होता है कि text पर model training, अपने आप में, public distribution के लिए duplication की तुलना में analysis के act के अधिक निकट है। क्या judges इस तुलना को persuasive मानते हैं, यह अलग प्रश्न है, लेकिन यह AI companies को technical detail से आगे बढ़कर creativity के मूल सिद्धांतों तक पहुंचने वाला narrative देता है।
यह filing publishers, AI firms, और market के लिए क्या मायने रखती है
Publishers और अन्य rights holders के लिए, DOJ filing एक झटका है, ऐसे मामले में जिसे कई media organizations अपने archives पर नियंत्रण बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण मानती हैं। The New York Times और अन्य plaintiffs का तर्क है कि generative AI systems बड़े पैमाने पर professionally created work से value लेते हैं, बिना उसके लिए भुगतान किए। वे यह भी कहते हैं कि AI products attention, subscriptions, और advertising के लिए मूल sources से प्रतिस्पर्धा कर सकते हैं।
AI companies के लिए, department का रुख केवल rhetorical समर्थन से अधिक है। यह U.S. government का एक formal statement देता है कि model training creative और social value पैदा कर सकती है, और केवल training पर liability लगाना उस innovation को ठंडा कर सकता है जिसे copyright law प्रोत्साहित करना चाहती है। यह framing likely future cases, negotiations, और policy debates में व्यापक रूप से cited होगी, इस खास मुकदमे से परे भी।
source text यह भी नोट करता है कि यह मामला AI training पर courts के रुख का landmark test माना जा रहा है। यह वर्णन अतिशयोक्ति नहीं है। यदि इस संदर्भ में fair use को सीमित करने वाला निर्णय आता है, तो frontier model development की economics बदल सकती है, खासकर उन firms के लिए जो बहुत बड़े और विविध text datasets पर निर्भर हैं। यदि broad latitude for training को मान्यता मिलती है, तो वर्तमान development model मज़बूत हो सकता है, जबकि भविष्य के विवाद outputs, licensing deals, और product design choices की ओर खिसक सकते हैं।
बड़ा मुद्दा अभी तय नहीं हुआ है
Justice Department के अब fair use theory का समर्थन करने के बावजूद, कानूनी तस्वीर अभी भी अनिश्चित है। source text खुद बताता है कि अन्य लोग असहमत हैं। यह असहमति इस मूल तथ्य को दर्शाती है कि AI copyright law अभी litigation के माध्यम से, real time में, बन रही है, न कि किसी परिपक्व और स्थिर precedent body से। Courts को अभी तय करना है कि substantial similarity, transformation, और market substitution जैसे traditional doctrines उन systems पर कैसे लागू हों जो content को बस store और replay नहीं करते, बल्कि बहुत बड़े datasets से statistical patterns सीखते हैं।
एक व्यावहारिक कारण भी है कि यह filing courtroom से परे महत्वपूर्ण है। यह कंपनियों, publishers, और lawmakers के licensing approach को प्रभावित कर सकती है। यदि training कानूनी रूप से अधिक सुरक्षित दिखती है, तो AI firms broad text archives को compulsory basis पर license करने के लिए कम दबाव महसूस कर सकती हैं। यदि publishers को लगता है कि legal tide उनके खिलाफ जा रहा है, तो वे specific outputs, brand confusion, या newsroom products से मिलते-जुलते AI-generated summaries के competitive harm से जुड़े claims पर अधिक ध्यान दे सकते हैं।
2 सितंबर 2026 को जो बदला, वह अंतिम कानूनी उत्तर नहीं, बल्कि बहस के एक पक्ष के साथ एक प्रमुख federal institution का alignment था। Justice Department ने अब स्पष्ट कर दिया है कि उसके दृष्टिकोण में, copyrighted text पर large language model को train करने का act fair use में फिट हो सकता है। एक ऐसे विवाद में जो AI systems और उस written record के बीच संबंध को परिभाषित करने में मदद करेगा, जिससे वे सीखते हैं, यह एक महत्वपूर्ण विकास है।
यह लेख The Decoder की रिपोर्टिंग पर आधारित है। मूल लेख पढ़ें.
Originally published on the-decoder.com



