MIT में AI एक विशेषता से आधारभूत संरचना की ओर बढ़ रहा है

MIT Technology Review की एक फीचर रिपोर्ट के अनुसार, MIT के शोध में कृत्रिम बुद्धिमत्ता एक कार्यशील परत बन गई है, जिसमें संस्थान की प्रयोगशालाएँ इस तकनीक को तैनात कर रही हैं। यह कहानी AI को कंप्यूटर विज्ञान तक सीमित एक अलग अनुशासन के रूप में नहीं, बल्कि यांत्रिक अभियांत्रिकी, एयरोस्पेस सामग्री, ऊर्जा प्रणालियों और प्रायोगिक विज्ञान में अब अंतर्निहित एक उपकरण के रूप में वर्णित करती है।

यह बदलाव सिलि डेंग के काम में साफ दिखाई देता है, जो मैकेनिकल इंजीनियरिंग की एसोसिएट प्रोफेसर हैं और दहन गतिकी, उत्सर्जन में कमी और ऊर्जा सामग्रियों के फ्लेम संश्लेषण का अध्ययन करती हैं। AI की ओर डेंग का रुख कोविड महामारी की अव्यवस्था से आकार पाया। 2019 में MIT के संकाय से जुड़ने के बाद, जब वह अपनी प्रयोगशाला स्थापित कर रही थीं, तब नवीनीकरण कार्यों ने उसे रोक दिया। प्रतीक्षा करने के बजाय, उन्होंने अपनी टीम से यह परखने को कहा कि मशीन लर्निंग उनके दहन अनुसंधान में कहाँ खाली स्थान भर सकती है।

दहन प्रणालियों के लिए डिजिटल ट्विन

डेंग के एनर्जी एंड नैनोटेक्नोलॉजी ग्रुप ने AI का उपयोग करके एक डिजिटल ट्विन विकसित किया, जो एक ऊर्जा और प्रवाह उपकरण के प्रदर्शन की नकल करता है। डिजिटल ट्विन किसी भौतिक प्रणाली की एक गणनात्मक प्रतिकृति होता है, जिसे इस तरह बनाया जाता है कि वह बदलती परिस्थितियों में उस प्रणाली के व्यवहार को प्रतिबिंबित कर सके। इस मामले में, दीर्घकालिक लक्ष्य वास्तविक समय में ईंधन दहन प्रणालियों की भविष्यवाणी और नियंत्रण करना है।

यह लक्ष्य महत्वपूर्ण है क्योंकि दहन प्रणालियाँ ऊर्जा और परिवहन अर्थव्यवस्था के कई हिस्सों के लिए केंद्रीय बनी हुई हैं। बेहतर पूर्वानुमान और नियंत्रण शोधकर्ताओं को प्रदर्शन, उत्सर्जन और परिचालन स्थिरता को उन तरीकों से समझने में मदद कर सकते हैं, जिन्हें केवल भौतिक परीक्षण से पकड़ना कठिन होता है। स्रोत सामग्री यह दावा नहीं करती कि यह प्रणाली पहले ही उत्पादन में पूर्ण वास्तविक-समय नियंत्रण तक पहुँच चुकी है। इसमें कहा गया है कि मॉडल अंततः वास्तविक समय में ईंधन दहन प्रणालियों के कामकाज की भविष्यवाणी और नियंत्रण करने में सक्षम होना चाहिए।

यह उदाहरण बताता है कि AI अनुसंधान प्रयोगशालाओं में इतनी तेज़ी से क्यों फैला है: यह मौजूदा वैज्ञानिक ज्ञान का विस्तार कर सकता है, उसे प्रतिस्थापित नहीं करता। डेंग की टीम ने मशीन लर्निंग को दहन के मूलभूत सिद्धांतों के दृष्टिकोण से अपनाया, यह देखते हुए कि मौजूदा तरीकों में कहाँ कमियाँ हैं। यह दृष्टिकोण AI को सामान्य-उद्देश्य शॉर्टकट मानने से अलग है। इसमें उपयोगी प्रश्नों को परिभाषित करने और मॉडल आउटपुट का अर्थ बनता है या नहीं, यह परखने के लिए विषय-विशेष ज्ञान का उपयोग किया जाता है।